देख आज ये भारत जाग रहा है, देखके के दुश्मन भाग रह है l
दुश्मन खड़ा नहीं है सामने, दुशमन तेरे साथ खडा है l
वो शब्द तेरे ही अलाप है, वो तुझको ही भांप रहा है l
न्याय का झूठा ढोंग दिखाकर, वो तुझको ही मार रहा है l
खुद हि दंगे करवाता वो, खुद ही जांच कराता है l
लेकर साथ गरीबों का वो, महलों पे महल बनाता है l
जात पात की आग लगाकर, वो सुकून से सो रहा है l
खुली आँख से सोने वालों, जब जागो तभी सवेरा है l
देख गौर से आज देश को चारों ओर अँधेरा है l
इस जंगे मैदान में अपनी पारी खेल गए वो अब बारी हमारी है l
भारत माता की जय
दुश्मन खड़ा नहीं है सामने, दुशमन तेरे साथ खडा है l
वो शब्द तेरे ही अलाप है, वो तुझको ही भांप रहा है l
न्याय का झूठा ढोंग दिखाकर, वो तुझको ही मार रहा है l
खुद हि दंगे करवाता वो, खुद ही जांच कराता है l
लेकर साथ गरीबों का वो, महलों पे महल बनाता है l
जात पात की आग लगाकर, वो सुकून से सो रहा है l
खुली आँख से सोने वालों, जब जागो तभी सवेरा है l
देख गौर से आज देश को चारों ओर अँधेरा है l
इस जंगे मैदान में अपनी पारी खेल गए वो अब बारी हमारी है l
भारत माता की जय
........JAI HIND..........
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